International Journal of Advanced Educational Research

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International Journal of Advanced Educational Research
International Journal of Advanced Educational Research
Vol. 2, Issue 2 (2017)

रीवा संभाग में शासकीय एवं अशासकीय विद्यालयों के छात्रों की सामाजिक अभिप्रेरक पर पड़ने वाले प्रभाव का अध्ययन


पुष्पराज सिंह, डाॅं. जय सिंह

शिक्षा-मानवीय जीवन के विभिन्न साध्यों को प्राप्त करने का सबसे महत्वपूर्ण साधन है। शिक्षा मानव के विकास की कुंजी है, इसलिए जब बालक शिक्षा ग्रहण करता है तो उसे अन्तर्मुखी एवं बहिर्मुखी दोनों क्षेत्रों के विकास की आवश्यकता होती है। अन्तर्मुखी विकास के बल पर वह अपने ज्ञान को बढ़ाता है और बहिर्मुखी धरातल पर वह अपने अनुभव का चातुर्दिक विकास करता है। इसी ज्ञान एवं अनुभव के सामंजस्य पर ही बालक व्यवहारकुशल बनकर अपने व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास करता है। इस शोध पत्र के माध्यम से शासकीय एवं अशासकीय विद्यालयों के छात्रांे की सामाजिक अभिप्रेरक पर पड़ने वाले प्रभाव की वर्तमान स्थिति तथा उनमे आने वाली कठिनाइयों का आंकलन किया गया है। शोध क्षेत्र में शासकीय एवं अशासकीय विद्यालय के विद्यार्थियांे के आत्मसंप्रत्यय का शैक्षणिक उपलब्धि पर प्रभाव मंे कोई सार्थक अन्तर नही है और शासकीय एवं अशासकीय विद्यालय के छात्रों के शैक्षणिक उपलब्धि पर प्रभाव मंे भी कोई सार्थक अन्तर नही है।
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